FAQ
हनुमान जयंती — सामान्य प्रश्न
हनुमान जयंती पूर्णिमा तिथि, शुक्ल पक्ष, चैत्र को मनाया जाता है। सटीक तिथि हर वर्ष पंचांग के अनुसार बदलती है — इसी संग्रह का पंचांग पृष्ठ देखें।
हनुमान जयंती पवनपुत्र श्री हनुमान के अवतरण का पर्व है। चालीसा पाठ, सिंदूर अर्पण व बल-भक्ति की आराधना का दिन।
हनुमान जयंती मुख्यतः श्री हनुमान की आराधना का पर्व माना जाता है। इसी पृष्ठ पर उनसे जुड़े आरती, चालीसा व मंत्र भी दिए गए हैं।
परंपरा में इस दिन हनुमान चालीसा (अखंड) पाठ, सिंदूर व चमेली तेल अर्पण, सुंदरकांड पाठ, गुड़-चना/बूँदी भोग का विधान बताया जाता है। ये परंपरागत मान्यताएँ हैं; क्षेत्र और परिवार के अनुसार विधि में अंतर मिलता है।
अनुशंसित पाठ
हनुमान जयंती के लिए अनुशंसित आरती, चालीसा, मंत्र व स्तोत्र
आराध्य देव
