FAQ
तुलसी विवाह — सामान्य प्रश्न
तुलसी विवाह द्वादशी तिथि, शुक्ल पक्ष, कार्तिक को मनाया जाता है। सटीक तिथि हर वर्ष पंचांग के अनुसार बदलती है — इसी संग्रह का पंचांग पृष्ठ देखें।
तुलसी विवाह कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष में, प्रायः द्वादशी को किया जाता है — तुलसी जी का शालिग्राम (विष्णु) के साथ विवाह।
तुलसी विवाह मुख्यतः श्री विष्णु की आराधना का पर्व माना जाता है। इसी पृष्ठ पर उनसे जुड़े आरती, चालीसा व मंत्र भी दिए गए हैं।
परंपरा में इस दिन तुलसी के पौधे व शालिग्राम का विधिवत विवाह, तुलसी-मंडप की सज्जा तथा गन्ने का मंडप, मंगल गीत व तुलसी विवाह की कथा, दीप-दान तथा तुलसी-परिक्रमा का विधान बताया जाता है। ये परंपरागत मान्यताएँ हैं; क्षेत्र और परिवार के अनुसार विधि में अंतर मिलता है।
अनुशंसित पाठ
तुलसी विवाह के लिए अनुशंसित आरती, चालीसा, मंत्र व स्तोत्र
आराध्य देव
