समय
3 मिनट
श्लोक/चौपाई
8
कठिनाई
सरल
शुभ दिन
नवरात्रि; वैष्णो देवी यात्रा के समय
उद्देश्य:रक्षा (Protection)मनोकामना (Wish fulfilment)भक्ति (Devotion)
✓ संपूर्ण
"जय वैष्णवी माता, मैया जय वैष्णवी माता, हाथ जोड़ तेरे आगे आरती मैं गाता" वैष्णो देवी की प्रचलित आरती है। इसके आठ पद हैं, जो माँ के भवन का दृश्य रचते हैं — सुंदर गुफा, भवन पर झूलते झंडे, ऊँचा पर्वत — और अंत में छाप है: "कहते सेवक ध्यानू, सुख सम्पत्ति पावे"।
FAQ
श्री वैष्णो देवी आरती — सामान्य प्रश्न
आठ — "जय वैष्णवी माता" से "कहते सेवक ध्यानू, सुख सम्पत्ति पावे" तक। द्रिक पंचांग, भक्तिभारत और धर्मसार — तीनों में ये आठों पद हैं।
अंतिम पद में छाप है — "कहते सेवक ध्यानू"। इसके अलावा रचयिता के बारे में किसी प्रकाशित प्रति में जानकारी नहीं।
तीन प्रकाशित प्रतियों से — द्रिक पंचांग (आधार), भक्तिभारत और धर्मसार। तीनों का पाठ एक है।
पर्व
