rāma gāyatrī mantra
Rama Gayatri Mantra
मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम भगवान विष्णु के अवतार और आदर्श जीवन के प्रतीक हैं।
स्रोत: पारंपरिक राम गायत्री (गायत्री छंद)
ॐ दाशरथाय विद्महे सीतावल्लभाय धीमहि। तन्नो रामः प्रचोदयात्॥
लिपि बदलने के लिए ऊपर देवनागरी / IAST / Roman चुनें।
oṃ dāśarathāya vidmahe sītāvallabhāya dhīmahi | tanno rāmaḥ pracodayāt ||
Om Dasharathaya Vidmahe Sita-vallabhaya Dhimahi, Tanno Ramah Prachodayat.
उच्चारण मार्गदर्शन: "दा-श-र-थाय", "विद्-म-हे", "सीता-वल्लभाय", "धी-म-हि" स्पष्ट बोलें। "धीमहि" में "धी" दीर्घ; "प्रचोदयात्" का "त्" हल्का हलन्त।
जप संख्या: प्रतिदिन 108 बार (एक माला)।
माला: तुलसी माला
उत्तम समय: प्रातः, संध्या व मंगलवार
राम जी का ध्यान करते हुए तुलसी माला से 108 बार जप करें। मंगलवार व रामनवमी को जप विशेष फलदायी होता है।
Lord Rama
मंत्र
आरती
चालीसा
नवमी
आरती, चालीसा, मंत्र, स्तोत्र, अष्टकम, सहस्रनाम और अन्य भक्ति पाठ