ॐ नमो नारायणाय

oṃ namo nārāyaṇāya

Om Namo Narayanaya

समय
30 सेकंड
जप संख्या
108
कठिनाई
सरल
शुभ दिन
गुरुवार व एकादशी
उद्देश्य:शांति (Peace)मोक्ष (Liberation)रक्षा (Protection)
✓ संपूर्ण

परिचय

भगवान विष्णु त्रिदेवों में सृष्टि के पालनकर्ता हैं — धर्म की रक्षा हेतु अवतार लेने वाले जगदीश।

स्रोत: अष्टाक्षर मंत्र (वैष्णव परंपरा)

मंत्र

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ॐ नमो नारायणाय॥

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उच्चारण (Pronunciation)

ॐ नमो नारायणाय॥

oṃ namo nārāyaṇāya ||

Om Namo Narayanaya.

उच्चारण मार्गदर्शन: "न-मो", "ना-रा-य-णाय" को स्पष्ट व सम स्वर में बोलें। "णाय" में मूर्धन्य "ण" का उच्चारण रखें। शांत व भक्तिभाव से दोहराएँ।

शब्द-अर्थ (Word-by-Word)

प्रणव — परब्रह्म का प्रतीक
नमोनमस्कार
नारायणायनारायण (विष्णु) को

अर्थ (हिन्दी)

  1. भगवान नारायण (विष्णु) को नमस्कार। यह अष्टाक्षर (आठ अक्षरों वाला) मंत्र वैष्णव परंपरा का परम मंत्र माना जाता है।

लाभ

  • मन को गहन शांति व स्थिरता मिलती है।
  • भय व संकट से रक्षा होती है।
  • भक्ति बढ़कर मोक्ष-मार्ग प्रशस्त होता है।

अनुशंसित जप संख्या

जप संख्या: प्रतिदिन 108 बार (एक माला)।

माला: तुलसी माला

उत्तम समय: प्रातः, संध्या व गुरुवार

जप का उत्तम समय

गुरुवार व एकादशी कोप्रातः व संध्यानित्य जप हेतु

जप विधि (चैंटिंग मेथड)

भगवान विष्णु/नारायण के समक्ष तुलसी अर्पित कर तुलसी या स्फटिक माला से 108 बार जप करें। गुरुवार व एकादशी को जप विशेष फलदायी होता है।

प्रामाणिकता व स्रोत

स्थिति✓ संपूर्ण
स्रोत परंपरावैष्णव अष्टाक्षर मंत्र परंपरा
अंतिम अद्यतनजून 2026

देव परिचय

श्री विष्णु

Lord Vishnu

भगवान विष्णु त्रिदेवों में सृष्टि के पालनकर्ता हैं — धर्म की रक्षा हेतु अवतार लेने वाले जगदीश।

देवता वर्गपालन · रक्षा · धर्म-संस्थापना
वाहनगरुड़
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