श्री कृष्ण

śrī kṛṣṇa

श्री कृष्ण भगवान विष्णु के पूर्णावतार हैं — प्रेम, लीला और गीता-ज्ञान के दाता।

परिचय

श्री कृष्ण भगवान विष्णु के पूर्णावतार माने जाते हैं और उनका जीवन बाल-लीला से लेकर महाभारत के गीतोपदेश तक धर्म और प्रेम का संदेश देता है। उन्होंने अर्जुन को भगवद्गीता का अमर ज्ञान दिया।

वंशीधारी, माखनचोर और गोपियों के प्रिय कन्हैया भक्ति-रस के केंद्र हैं। जन्माष्टमी उनके अवतरण का महापर्व है।

स्वरूप: मोरपंख-मुकुटधारी, वंशी-वादक, पीतांबर वस्त्र; गोवर्धन व राधा के साथ अनेक स्वरूपों में।

श्री कृष्ण भक्ति संग्रह

आरती, चालीसा, मंत्र, स्तोत्र, अष्टकम, सहस्रनाम और अन्य भक्ति पाठ

संबंधित पर्व व व्रत

आगामी संग्रह

मंत्र

जल्द

स्तोत्रम्

जल्द

सहस्रनाम

जल्द

संक्षिप्त विवरण

अन्य नामगोविंद, मुरारी, बंशीधर, गोपाल, माधव, कन्हैया
संगिनी/संगीराधा-रुक्मिणी
क्षेत्रप्रेम, धर्म, भक्ति, ज्ञान
बीज मंत्रॐ क्लीं कृष्णाय नमः