गण 65 — पराशराः
पराशराः गण वसिष्ठ ऋषि-कुल का गण है। आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण के अनुसार इसका प्रवर है — वासिष्ठ, शाक्त्य, पाराशर्य। इस गण का प्रवर ग्रंथ में इसी एक रूप में मिलता है। ग्रंथ ने इस गण में 120 नाम दर्ज किए हैं।
संक्षेप में
पराशराः गण वसिष्ठ ऋषि-कुल का गण है। आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण के अनुसार इसका प्रवर है — वासिष्ठ, शाक्त्य, पाराशर्य। इस गण का प्रवर ग्रंथ में इसी एक रूप में मिलता है। ग्रंथ ने इस गण में 120 नाम दर्ज किए हैं।
प्रवर
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| वासिष्ठ · शाक्त्य · पाराशर्य | 3 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | तालिका का मुख्य |
इस गण के गोत्र-पृष्ठ
इस गण में दर्ज नाम (120)
गोत्र-प्रवर ग्रंथों के अनुसार एक गण के गोत्रों में आपस में विवाह वर्जित माना गया है। सूची ग्रंथ में जैसी छपी है, वैसी ही है। नाम के आगे लिखे संकेत बताते हैं कि वह नाम किस ग्रंथ की सूची में है।
- 1अकयःका
- 2आविष्ठायनःम
- 3आविष्ठायनाःका
- 4इषीकहस्तःका, म
- 5औपयाःका, म
- 6औषयःका, म
- 7कण्डूःबो
- 8कण्डूशयःका
- 9कपिग्रीवाःका
- 10कपिमुखाःबो, म
- 11कपिश्रेष्ठाःबो, म
- 12काकेयस्थाःबो, म
- 13काक्रयःबो
- 14काण्डर्षयःम
- 15कात्कयःबो
- 16कापिमुखाः ?बो
- 17कार्केयस्याःम
- 18कार्ष्णायनाःम
- 19काह्वायनाःबो
- 20कुहुशयःबो
- 21कृष्णाजिनाःबो, का
- 22कृष्णायनयःबो
- 23कोर्कचादयःका
- 24कौकुशादयःबो
- 25कौतुजातयःम
- 26कौमुदयःबो
- 27कौमुनानयःबो
- 28काह्वायनाःबो
- 29क्रैमतिःबो
- 30क्रोधनायनाःम
- 31क्रौकुलयःबो
- 32क्रौकुशादयःबो
- 33क्रौञ्चकाबकाःम
- 34क्रौमतिःबो
- 35क्षौमिःम
- 36क्षौमिःम
- 37खल्वायनयःबो
- 38खल्वायनाःम
- 39ख्यातेयाःम
- 40गार्ग्यायनयःबो
- 41गोपयःबो
- 42गोपवनःबो
- 43गोपवयःबो
- 44गोपाणिःका
- 45गोपालिःबो, म
- 46गोवालिःबो
- 47जपातयःम
- 48जेमयःका
- 49जैह्मपःम
- 50तन्तिःम
- 51तरणिःका
- 52तुल्यायनयःबो
- 53तैलेयाःम
- 54नयातयाःम
- 55पठिकाःम
- 56पराशराःआश्व, आप
- 57पाटिकःम
- 58पारोहयःबो
- 59पार्येयाःम
- 60पुष्करःम
- 61पौष्करसादिःबो, का
- 62प्रपोहयाःम
- 63प्रागेहयाःम
- 64प्रायःका
- 65प्रारोहयःका
- 66प्लाक्षयःबो
- 67बादरिःबो, म
- 68बाह्यतयाःबो, म
- 69बैल्वयूपयःका
- 70भालिःम
- 71भालुक्याःबो
- 72भैमतायनःबो
- 73भैमयनाःका
- 74भौमतापनःम
- 75यूथपाःम
- 76वाजयःबो
- 77वाजरिःबो
- 78वाजातयःबो
- 79वाजिमतयःबो
- 80वाजिमन्तयःबो
- 81वादरिःबो
- 82वारुणिःबो
- 83वार्ष्ययःबो
- 84वार्ष्णिःका
- 85वार्ष्णायनाःम
- 86वर्ष्णेयाःबो
- 87वालेयाःम
- 88वाहनपःम
- 89वाहयःका
- 90वाहरयःका
- 91वाह्यमयाःम
- 92वैकलयःबो
- 93वैकलेयः ?बो
- 94वैमतायनःबो
- 95वैरिणेयाःका
- 96व्याप्यायनिःका
- 97शातपाःका
- 98शातयःबो
- 99शिवाजिःबो
- 100शौर्गिभिः ?बो
- 101श्यामायनयःबो
- 102श्यामेयाःबो, का
- 103श्याम्यायनयःबो
- 104श्रौतहिःबो
- 105श्लोकयाःका
- 106श्लोनुहिःबो
- 107श्वेतयूपयःबो
- 108सहचौलिःबो
- 109सहयौलिः ?बो
- 110स्तस्वाः ?म
- 111स्तम्भस्वाःम
- 112स्यातयःबो
- 113स्वायष्टाःम
- 114स्वायस्वाःम
- 115स्वास्यायनयःबो
- 116हयश्रीःका
- 117हर्यश्वःम
- 118हर्यश्विःम
- 119हार्यश्वीः ?बो
- 120हार्यश्विःबो
संकेत: आश्व = आश्वलायन · आप = आपस्तम्ब · बो = बौधायन · का = कात्यायन · म = मत्स्य पुराण. "?" = मूल छपाई साफ़ नहीं, नाम की पढ़त अनिश्चित।
वसिष्ठ-कुल के अन्य गण
स्रोत
पी. चेन्सल राव (सं.), गोत्रप्रवरनिबन्धकदम्बम् (1900), "प्रवराः, गोत्रगणाश्च", पृष्ठ 278–280 (archive.org leaf 318–320)।
