ऋषि से गोत्र

बौधायन के आठ गोत्रकार ऋषि — विश्वामित्र, जमदग्नि, भरद्वाज, गौतम, अत्रि, वसिष्ठ, कश्यप, अगस्त्य — और हर ऋषि जिन गणों के प्रवर में आता है, ग्रंथ की तालिका से।

संक्षेप में

बौधायन सूत्र के अनुसार गोत्र सात ऋषियों — विश्वामित्र, जमदग्नि, भरद्वाज, गौतम, अत्रि, वसिष्ठ, कश्यप — और आठवें अगस्त्य की संतान हैं। नीचे हर ऋषि के साथ वे सभी गण दिए गए हैं जिनके प्रवर में उस ऋषि का नाम आता है, और उन गणों के गोत्र-पृष्ठ।

बौधायन का वचन

सप्तानां सप्तऋषीणामगस्त्याष्टमानां यदपत्यं तद्गोत्रमित्युच्यते।

सात ऋषियों और आठवें अगस्त्य की जो संतान है, उसे गोत्र कहा जाता है।

— गोत्रप्रवरनिबन्धकदम्बम् (The Principles of Pravara and Gotra), द्वितीय संस्करण, पृष्ठ 136 (प्रवरमञ्जरी, बौधायन का वचन) (archive.org leaf 176)

विश्वामित्रजमदग्निभरद्वाजगौतमअत्रिवसिष्ठकश्यपअगस्त्य

विश्वामित्र — प्रवर में "वैश्वामित्र" वाले 17 गण

गण 41 — औदलाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, दैवरात, औदल (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 42 — दैवतरसाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, दैवश्रवस, दैवतरस (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 43 — धानञ्जयाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, माधुच्छन्दस, धानञ्जय (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 44 — आजाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, माधुच्छन्दस, आज (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 45 — रौहिणाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, माधुच्छन्दस, रौहिण (आश्वलायन)
गण 46 — आष्टकाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, माधुच्छन्दस, आष्टक (आश्वलायन)
गण 47 — पौरणाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, दैवरात, पौरण (आश्वलायन)
गण 48 — आक्षीलाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, कात्य, आक्षील (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन)
गण 49 — कौशिकाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, आघमर्षण, कौशिक (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 50 — रैवणाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, गाधिन, रैवण (आश्वलायन)
गण 51 — क्रथकाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, रौत्थक, रैवण (बौधायन)
गण 52 — वैणवाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, गाथिन, वैणव (आश्वलायन)
गण 53 — शालङ्कायनाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, शालङ्कायन, कौशिक (आश्वलायन)
गण 54 — इन्द्रकौशिकाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, ऐन्द्र, कौशिक (आश्वलायन)
गण 55 — साहुलाःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, साहुल, माहुल (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))
गण 56 — हिरण्यरेतसःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, हैरण्यरेतस (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))
गण 57 — सुवर्णरेतसःविश्वामित्र-कुल · वैश्वामित्र, कापातरस (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))

गोत्र-पृष्ठ: विश्वामित्र, कौशिक, गालव, धनञ्जय, लोहित, कात्यायन

जमदग्नि — प्रवर में "जामदग्न्य" वाले 2 गण

गण 1 — जामदग्न्या वत्साःभृगु-कुल · भार्गव, च्यावन, आप्नवान, और्व, जामदग्न्य (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 4 — बिदाःभृगु-कुल · भार्गव, च्यावन, आप्नवान, और्व, बैद (आश्वलायन, बौधायन) · यह ऋषि केवल किसी विकल्प-रूप में

गोत्र-पृष्ठ: वत्स, शौनक, माण्डव्य, मार्कण्डेय, सावर्णि, गालव, पुलस्त्य, जमदग्नि

भरद्वाज — प्रवर में "भारद्वाज" वाले 5 गण

गण 23 — मातवचसःभारद्वाज (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हस्पत्य, भारद्वाज, वान्दन, मातवचस (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 24 — भारद्वाजाःभारद्वाज (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हस्पत्य, भारद्वाज (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 25 — शैन्याःभारद्वाज (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हस्पत्य, भारद्वाज, गार्ग्य, शैन्य (आश्वलायन, बौधायन, मत्स्य पुराण)
गण 27 — आत्मभुवःभारद्वाज (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हस्पत्य, भारद्वाज, मान्त्रवर, आत्मभुव (मत्स्य पुराण)
गण 28 — शौङ्गशैशिरयःभारद्वाज (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हस्पत्य, भारद्वाज, कात्य, आत्कील (आश्वलायन, आपस्तम्ब)

गोत्र-पृष्ठ: कपिल, भारद्वाज, गर्ग, मानव

गौतम — प्रवर में "गौतम" वाले 11 गण

गण 12 — आयास्या गौतमाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, आयास्य, गौतम (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन)
गण 13 — उचथ्या गौतमाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, औचथ्य, गौतम (आश्वलायन, आपस्तम्ब, कात्यायन)
गण 14 — रहूगणाः शरद्वन्ताःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, राहूगण्य, गौतम (आश्वलायन)
गण 15 — सोमराजकाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, सौमराज्य, गौतम (आश्वलायन)
गण 16 — वामदेवाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, वामदेव्य, गौतम (आश्वलायन)
गण 17 — बृहदुक्थाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, बार्हदुक्थ, गौतम (आश्वलायन, आपस्तम्ब)
गण 18 — कक्षीवन्तःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, औचथ्य, औशिज, गौतम, काक्षीवत (आश्वलायन)
गण 19 — दीर्घतमसःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, औचथ्य, दैर्घतमस (आश्वलायन) · यह ऋषि केवल किसी विकल्प-रूप में
गण 20 — औशनसाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, गौतम, औशनस (बौधायन)
गण 21 — कारेणुपालाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, गौतम, कारेणुपाल (बौधायन)
गण 22 — राघवाःगौतम (आङ्गिरस)-कुल · आङ्गिरस, राघव, गौतम (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))

गोत्र-पृष्ठ: गौतम

अत्रि — प्रवर में "आत्रेय" वाले 7 गण

गण 35 — श्यावाश्वाःअत्रि-कुल · आत्रेय, आर्चनानस, श्यावाश्व (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 36 — गविष्ठिराःअत्रि-कुल · आत्रेय, गाविष्ठिर, पौर्वातिथ (आश्वलायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 37 — अतिथयःअत्रि-कुल · आत्रेय, आर्चनानस, पौर्वातिथ (बौधायन)
गण 38 — वाग्भूतकाःअत्रि-कुल · आत्रेय, आर्चनानस, वाग्भूतक (बौधायन)
गण 39 — पुत्रिकापुत्राःअत्रि-कुल · आत्रेय, वामरथ्य, पौत्रिक (कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 40 — सुमङ्गलाःअत्रि-कुल · आत्रेय, सौमङ्गल, श्यावाश्व (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))
गण 67 — जातूकर्ण्याःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ, आत्रेय, जातूकर्ण्य (मत्स्य पुराण)

गोत्र-पृष्ठ: अत्रि, कृष्णात्रेय, जातूकर्ण्य

वसिष्ठ — प्रवर में "वासिष्ठ" वाले 6 गण

गण 62 — लौगाक्षयःकश्यप-कुल · काश्यप, आवत्सार, वासिष्ठ (बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 63 — वासिष्ठाःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 64 — उपमन्यवःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ, आभरद्वसव्य, ऐन्द्रप्रमद (आश्वलायन, कात्यायन)
गण 65 — पराशराःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ, शाक्त्य, पाराशर्य (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 66 — कुण्डिनाःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ, मैत्रावरुण, कौण्डिन्य (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 67 — जातूकर्ण्याःवसिष्ठ-कुल · वासिष्ठ, आत्रेय, जातूकर्ण्य (मत्स्य पुराण)

गोत्र-पृष्ठ: वशिष्ठ, जातूकर्ण्य, आलम्भायन, उपमन्यु, शाक्त्य, पराशर, कौण्डिन्य

कश्यप — प्रवर में "काश्यप" वाले 5 गण

गण 58 — कश्यपाःकश्यप-कुल · काश्यप, आवत्सार, आसित (आश्वलायन)
गण 59 — शण्डिलाःकश्यप-कुल · शाण्डिल, आसित, दैवल (आश्वलायन, कात्यायन) · यह ऋषि केवल किसी विकल्प-रूप में
गण 60 — रेभाःकश्यप-कुल · काश्यप, आवत्सार, रैभ्य (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन)
गण 61 — निध्रुवाःकश्यप-कुल · काश्यप, आवत्सार, नैध्रुव (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 62 — लौगाक्षयःकश्यप-कुल · काश्यप, आवत्सार, वासिष्ठ (बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण)

गोत्र-पृष्ठ: कश्यप, धन्वन्तरि, शाण्डिल्य

अगस्त्य — प्रवर में "आगस्त्य" वाले 6 गण

गण 68 — सौमवाहाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, दार्ढ्यच्युत, ऐध्मवाह (आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन)
गण 69 — साम्भवाहाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, दार्ढ्यच्युत, साम्भवाह (बौधायन)
गण 70 — याज्ञवाहाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, दार्ढ्यच्युत, याज्ञवाह (बौधायन)
गण 71 — मायोभुवाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, माहेन्द्र, मायोभुव (कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 72 — पौरणाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, पौर्णमास, पौरण (कात्यायन, मत्स्य पुराण)
गण 73 — पाणिकाःअगस्त्य-कुल · आगस्त्य, हैमवर्च, हैमोदक (प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट))

गोत्र-पृष्ठ: अगस्त्य, पुलस्त्य, पुलह, क्रतु

ऋषि से गोत्र — अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न