गण 1 — जामदग्न्या वत्साः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान · और्व · जामदग्न्य | 5 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · और्व · जामदग्न्य | 3 | आपस्तम्ब | विकल्प |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Chyavana, Apnuvana, Aurva, Jamadagni”. यह ऊपर दिए मत्स्य पाठ से मेल खाता है।
इस गण में ग्रंथ ने 350 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें · वत्स गोत्र · शौनक गोत्र · माण्डव्य गोत्र · मार्कण्डेय गोत्र · सावर्णि गोत्र · गालव गोत्र
गण 2 — अजामदग्न्या वत्साः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान | 3 | आश्वलायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | तालिका का मुख्य |
यह प्रवर आश्वलायन "अजामदग्न्य" वत्सों के लिए, कात्यायन "वात्स्य" के लिए और मत्स्य पुराण "बिद" के लिए बताते हैं. ग्रंथ इस गण में कोई अलग नाम नहीं देता.
इस गण में ग्रंथ ने 0 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें · वत्स गोत्र
गण 3 — आर्ष्टिषेणाः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान · आर्ष्टिषेण · आनूप | 5 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · आर्ष्टिषेण · आनूप | 3 | आपस्तम्ब | विकल्प |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Chyavana, Apnuvana, Arshtishena, Rupi”. यह ऊपर दिए पाठ से अलग है।
इस गण में ग्रंथ ने 40 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
गण 4 — बिदाः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान · और्व · बैद | 5 | आश्वलायन, बौधायन | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · और्व · जामदग्न्य | 3 | कात्यायन | इस ग्रंथ का मुख्य |
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान | 3 | मत्स्य पुराण | इस ग्रंथ का मुख्य |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Chyavana, Apnuvana”. यह ऊपर दिए मत्स्य पाठ से मेल खाता है।
इस गण में ग्रंथ ने 39 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें · पुलस्त्य गोत्र · जमदग्नि गोत्र
गण 5 — यस्काः वीतहव्याः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · वैतहव्य · सावेदस | 3 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | तालिका का मुख्य |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Vitahavya, Raivasa, Vaivasa”. यह ऊपर दिए पाठ से अलग है।
मत्स्य पुराण के अंग्रेज़ी अनुवाद में तीसरे स्थान पर "रैवस, वैवस" हैं. ग्रंथ की अपनी अशुद्धशोधिनी (p. 44) भी "रैवसवैवसौ" पाठ को "चैव सवेदसः" में सुधारती है — यानी मत्स्य की पाण्डुलिपियों में दोनों पाठ चलते थे.
इस गण में ग्रंथ ने 122 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें · सावर्णि गोत्र
गण 6 — श्यैताः अथवा वैन्याः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · वैन्य · पार्थ | 3 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन | तालिका का मुख्य |
इस गण में ग्रंथ ने 4 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
गण 7 — मित्रयुवाः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| वाध्र्यश्व | 1 | आश्वलायन, आपस्तम्ब | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · वाध्र्यश्व · दैवोदास | 3 | बौधायन, कात्यायन, मत्स्य पुराण | इस ग्रंथ का मुख्य |
| भार्गव · दैवोदास · वाध्र्यश्व | 3 | आश्वलायन | विकल्प |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Badhryashva, Divodasa”. यह ऊपर दिए मत्स्य पाठ से मेल खाता है।
इस गण में ग्रंथ ने 48 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
गण 8 — शुनकाः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| गार्त्समद | 1 | आश्वलायन, आपस्तम्ब, बौधायन, कात्यायन | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · शौनहोत्र · गार्त्समद | 3 | आश्वलायन | विकल्प |
| शौनक | 1 | बौधायन | विकल्प |
| भार्गव · गार्त्समद | 2 | कात्यायन, मत्स्य पुराण | इस ग्रंथ का मुख्य |
स्वतंत्र मिलान: The Matsya Puranam, Part 2 (Sacred Books of the Hindus, vol. 17) (1917), अध्याय 195 — “Bhrigu, Gritsamada”. यह ऊपर दिए मत्स्य पाठ से मेल खाता है।
इस गण में ग्रंथ ने 35 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें · शौनक गोत्र
गण 9 — वत्सपुरोधसौ
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान · वात्स · पौरोधस | 5 | प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) | तालिका का मुख्य |
| भार्गव · वात्स · पौरोधस | 3 | प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) | विकल्प |
इस गण में ग्रंथ ने 0 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
गण 10 — वैजवनैमथितौ
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · च्यावन · आप्नवान · वैजव · नैमथित | 5 | प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) | तालिका का मुख्य |
इस गण में ग्रंथ ने 0 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
गण 11 — वेदविश्वज्योतिषः
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · शाठर · माठर | 3 | प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) | तालिका का मुख्य |
इस गण में ग्रंथ ने 0 नाम दर्ज किए हैं। पूरी सूची देखें
