गण 11 — वेदविश्वज्योतिषः
वेदविश्वज्योतिषः गण भृगु ऋषि-कुल का गण है। प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) के अनुसार इसका प्रवर है — भार्गव, शाठर, माठर। इस गण का प्रवर ग्रंथ में इसी एक रूप में मिलता है। ग्रंथ ने इस गण में 0 नाम दर्ज किए हैं।
संक्षेप में
वेदविश्वज्योतिषः गण भृगु ऋषि-कुल का गण है। प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) के अनुसार इसका प्रवर है — भार्गव, शाठर, माठर। इस गण का प्रवर ग्रंथ में इसी एक रूप में मिलता है। ग्रंथ ने इस गण में 0 नाम दर्ज किए हैं।
प्रवर
| प्रवर | ऋषि | किस ग्रंथ के अनुसार | |
|---|---|---|---|
| भार्गव · शाठर · माठर | 3 | प्रवरदर्पण (कमलाकर भट्ट) | तालिका का मुख्य |
इस गण के नाम
ग्रंथ इस गण में कोई अलग गोत्र-नाम नहीं गिनाता — केवल प्रवर बताता है। यह गण किसी सूत्र में नहीं, केवल प्रवरदर्पण (17वीं सदी) में मिलता है।
भृगु-कुल के अन्य गण
स्रोत
पी. चेन्सल राव (सं.), गोत्रप्रवरनिबन्धकदम्बम् (1900), "प्रवराः, गोत्रगणाश्च", पृष्ठ 222 (archive.org leaf 262)।
