श्री शिव

śrī śiva

महादेव शिव त्रिदेवों में संहारक और कल्याणकारी देव हैं — योग, ध्यान और मोक्ष के अधिपति।

परिचय

भगवान शिव त्रिदेवों में संहार के अधिष्ठाता तथा "आशुतोष" अर्थात् शीघ्र प्रसन्न होने वाले देव हैं। वे कैलाश पर्वत पर निवास करते हैं और योगियों के आदि गुरु — आदियोगी — माने जाते हैं।

उनका त्रिशूल त्रिगुणों का, डमरू सृष्टि-नाद का, मस्तक पर चंद्रमा शीतलता का और गले में सर्प भय पर विजय का प्रतीक है। सोमवार, प्रदोष और महाशिवरात्रि उनकी आराधना के विशेष अवसर हैं।

स्वरूप: जटाजूट में गंगा व चंद्र, गले में सर्प, त्रिशूल व डमरूधारी, शरीर पर भस्म; वाहन नंदी।

श्री शिव भक्ति संग्रह

आरती, चालीसा, मंत्र, स्तोत्र, अष्टकम, सहस्रनाम और अन्य भक्ति पाठ

संबंधित पर्व व व्रत

ज्योतिष संबंध

ये केवल परंपरागत/ज्योतिषीय शैक्षिक संबंध हैं — व्यक्तिगत सलाह या भविष्यवाणी नहीं।

संक्षिप्त विवरण

शुभ दिनसोमवार
अन्य नाममहादेव, शंकर, भोलेनाथ, नीलकंठ, ओंकार
वाहननंदी (वृषभ)
संगिनी/संगीमाता पार्वती
क्षेत्रसंहार, योग, ध्यान, कल्याण, मोक्ष
बीज मंत्रॐ नमः शिवाय